जबलपुर जिले के कुंडम ब्लॉक का छोटा-सा गांव झिरना मोहनी मोड़ बुधवार को गोंड राजवंश की स्मृति में जुटी भीड़ से भर गया। यहां 1857 की क्रांति के शहीद राजा शंकर शाह और उनके पुत्र कुंवर रघुनाथ शाह की प्रतिमा का अनावरण किया गया। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने समारोह में शामिल होकर प्रतिमा से पर्दा हटाया।
कार्यक्रम में क्षेत्रीय विधायक श्री संतोष बरकड़े सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। मंच पर बने बैनर पर दोनों शहीदों के चित्र और बलिदान दिवस की तारीख अंकित थी।
बलिदान दिवस की याद, गांव में स्थायी निशानी
मंत्री श्रीमती उइके ने कहा कि देश की स्वतंत्रता और स्वाभिमान के लिए प्राण न्योछावर करने वाले राजा शंकर शाह और कुंवर रघुनाथ शाह का बलिदान दिवस हर साल 18 सितंबर को मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि इन शहीदों की गौरव गाथा लगातार प्रेरणा देती है कि देश के स्वाभिमान के लिए आगे आकर काम करना चाहिए। इसी प्रेरणा को जीवंत रखने के लिए गांव में प्रतिमा लगाई गई है।
प्रतिमा लग जाने से बलिदान दिवस का आयोजन अब गांव में ही एक तय जगह पा गया है। अब तक ऐसे कार्यक्रम जबलपुर शहर के स्मारकों तक सीमित रहते थे। कुंडम जैसे आदिवासी बहुल ब्लॉक में यह गोंड इतिहास से जुड़ी एक स्थायी निशानी है।
गढ़ा-मंडला का गोंड राजवंश और 1857
मंत्री ने बताया कि राजा शंकर शाह और कुंवर रघुनाथ शाह गढ़ा-मंडला के गोंड राजवंश से संबंधित थे। यह राजवंश देश और मातृभूमि की रक्षा के लिए दिए गए बलिदानों के लिए जाना जाता है। पिता-पुत्र दोनों ने 1857 की क्रांति के दौरान अंग्रेजों के विरुद्ध संघर्ष किया।
14 सितंबर 1857 को अंग्रेजों ने दोनों को अन्य लोगों के साथ गिरफ्तार कर लिया। उन पर देशद्रोह के आरोप लगाकर मृत्युदंड की सजा सुनाई गई। 18 सितंबर 1857 को जबलपुर में दोनों को तोप के मुंह से बांधकर शहीद कर दिया गया।
मंत्री ने कहा कि दोनों ने अंग्रेजों के सामने झुकने और माफी मांगने से इनकार कर दिया था। उन्होंने देश की स्वतंत्रता के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया। यही प्रसंग आज भी महाकोशल और मंडला-जबलपुर अंचल की लोकस्मृति का हिस्सा है।
मंच से योजनाओं की जानकारी
समारोह में मंत्री श्रीमती उइके ने शासन की कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी और लोगों से इनका लाभ लेने को कहा। उपस्थित लोगों से संवाद के दौरान ग्रामीणों ने भी अपनी बात रखी। विधायक श्री बरकड़े ने दोनों शहीदों की गौरव गाथा सुनाने के साथ योजनाओं की जानकारी दी।
विधायक ने मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान और सेवा संकल्प अभियान पर भी अपने विचार रखे। इन अभियानों से जुड़ी पात्रता और आवेदन की जानकारी के लिए ग्रामीण अपने पंचायत सचिव या कुंडम जनपद कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।



