मेरा युवा भारत, उत्तराखण्ड द्वारा देहरादून में आयोजित 'वंदे मातरम् कैंप 2026–27' के अंतर्गत सोमवार को विभिन्न राज्यों से आए युवाओं के लिए प्रेरणादायी एवं संवादात्मक सत्रों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रतिभागियों ने समाज में युवा भूमिका, स्वयंसेवा (Volunteerism), महिला सशक्तिकरण, करियर मार्गदर्शन एवं 'विकसित भारत' के निर्माण में युवा शक्ति के योगदान जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गहन विचार-विमर्श किया।
कार्यक्रम की शुरुआत यूथ फाउंडेशन के संस्थापक कर्नल अजय कोठियाल (सेवानिवृत्त) के साथ आयोजित विशेष पॉडकास्ट एवं युवा संवाद से हुई। इस सत्र में छह राज्यों से आए प्रतिभागियों ने सीधे संवाद करते हुए महिला सशक्तिकरण, वर्तमान सामाजिक परिदृश्य में युवाओं के दायित्व, स्वयंसेवा और करियर से जुड़े सवाल पूछे और उनके अनुभवों से मार्गदर्शन प्राप्त किया।
इसके पश्चात, युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय (भारत सरकार) के मेरा युवा भारत के पूर्व निदेशक श्री जे.पी.एस. नेगी ने युवाओं के साथ एक विशेष सत्र को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि युवा स्वयंसेवा की भावना के माध्यम से समाज को एक नई दिशा दे सकते हैं और विकसित भारत के सपने को साकार करने में मुख्य भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने युवाओं को अपने समय, प्रतिभा और ऊर्जा का उपयोग राष्ट्रहित में करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान आयोजित एक्सटेम्पोर (आशुभाषण) प्रतियोगिता के परिणाम भी घोषित किए गए: प्रथम स्थान: डॉ. संजीता (केरल), द्वितीय स्थान: यतिन (हरियाणा), तृतीय स्थान: सूर्य (दिल्ली) रहे।
विजेताओं को श्री जे.पी.एस. नेगी एवं मेरा युवा भारत (उत्तराखण्ड) के राज्य निदेशक श्री राहुल डबराल द्वारा स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर श्री अविनाश सिंह ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया। उन्होंने उपस्थित सभी अतिथियों, विशेषज्ञों और विभिन्न राज्यों से आए प्रतिभागियों का उनके सहयोग, अनुशासित सहभागिता और मार्गदर्शन के लिए आभार व्यक्त किया।
वंदे मातरम् कैंप का मुख्य उद्देश्य विभिन्न राज्यों के युवाओं को एक साझा मंच प्रदान कर राष्ट्रीय एकता, युवा नेतृत्व, स्वयंसेवा और राष्ट्र निर्माण के प्रति उनकी भागीदारी को सशक्त बनाना है।






